राजस्थान की कला एवं संस्कृति: चित्रकला, टेस्ट-1 September 14, 2026 राजस्थान की कला एवं संस्कृति: चित्रकला, टेस्ट-1 1 / 30 वर्ष 1628 ई. में मेवाड़ में रागमाला चित्रांकन को किसने चित्रित किया था? PTI Ex.-2018 IIGr. Tea. (Urdu) Ex.-2010 RPSC ACF & FRO-2021 साहिबदीन शफी मुहम्मद श्री रंगधर बिशनदास 2 / 30 प्रसिद्ध चित्रकार साहिबउद्दीन, निसारदीन और मनोहर चित्रकला की किस शैली से संबंधित है? CET (10+2) Ex.-2023 वनरक्षक-2022 I Gr. (G.K.)-2020 अलवर मेवाड़ मारवाड़ ढूंढाड़ नसीरुद्दीन (निसारदीन)- • रागमाला सैट चित्रित किया। • ढोला-मारू का चित्र • साहिबदीन - रागमाला (1628 ई.), रसिक प्रिया (1628-30 ई.), गीतगोविन्द (1629 ई.), भागवत पुराण (1648 ई.), आर्ष रामायण (1649-1653 ई.) • मनोहर - रामायण (1649 ई.) 3 / 30 कौनसी राजस्थानी चित्रकला की विशेषता नहीं है? पुलिस परीक्षा-2011 प्रकृति का बहुमुखी चित्रण लोक जीवन के चित्रण का उपेक्षापूर्ण अभाव विषयवस्तु की विविधता शृंगार एवं भक्ति का सुन्दर समन्वय 4 / 30 'राजपूत पेंटिंग' शीर्षक से 1916 ई. में किसने पुस्तक लिखी? Asst. Prop. (History)-2024 JEN यांत्रिकी-डिप्लोमा-2022 ग्राम विकास अधिकारी-2021 बेसिक कम्प्यूटर अनुदेशक-2022 जयसिंह नीरज रायकृष्णदास वाचस्पति गैरोला आनन्द कुमार स्वामी 5 / 30 'राग-रागिनियों' का अंकन किस शैली में सर्वाधिक हुआ है? स्कूल व्याख्याता-2020 कांगड़ा पाल राजस्थानी मुगल 6 / 30 चित्रकला के विकास हेतु कार्यरत' आयाम तथा कलावृत संस्थान' किस जिले में स्थित हैं? पटवार परीक्षा-2011 जोधपुर अजमेर जयपुर उदयपुर 7 / 30 शरीर की ऊपरी चमड़ी को गोदकर उसमें काला रंग भरने की कला का नाम है? RAS Pre.-1994 गोदना मांडना छापा भराड़ी शरीर के ऊपरी चमड़ी को खोदकर/गोदकर उसमें काला रंग भरने से चमड़ी पर यह निशान पक्का बन जाता है, जनजातियों में सर्वाधिक प्रचलित है। 8 / 30 मारू गुर्जर कला एक प्राचीन राजस्थानी कला है, जो राजस्थान में छठी शताब्दी के प्रारम्भ में विकसित हुई, इसका शाब्दिक अर्थ है? RSRTC-2013 राजस्थान व गुजरात की कला राजस्थान और मध्यप्रदेश राजस्थान और ब्रज राजस्थान और उत्तर प्रदेश 9 / 30 निम्नलिखित में से कौन-सी चित्रशैली गीत गोविन्द पर आधारित चित्रों के लिये जानी जाती है? CET (10+2) Ex.-2023 कर सहायक-2018 मेवाड़ मारवाड़ किशनगढ़ मेवात 'रागमाला' चित्र मेवाड़ चित्रशैली का प्रसिद्ध चित्र है, जिसको चित्रित करने वाले चित्रकार-साहिबदीन हैं। जो मेवाड़ महाराणा जगतसिंह प्रथम के दरबारी चित्रकार थे। 10 / 30 निम्न में से किसका चित्रण कपड़े पर नहीं किया जाता है? पुलिस कॉन्स्टेबल-2005 फड़ परचित्र पिछवाई पाने कपड़े पर निर्मित चित्र- • वार्तिक- कपड़े पर मोम की परत चढ़ाकर चित्र बनाने की कला। • पिछवाई- भगवान कृष्ण के मंदिर में प्रतिमा के पीछे कपड़ा लगाकर, उस पर कृष्ण के जीवन से संबंधित चित्र बनाना 'पिछवाई' कहलाता है। • फड़- कपड़े या कैनवास पर मिट्टी के रंगों की सहायता से की जाने वाली चित्रकारी 'फड़' कहलाती है। • पाने- कागज पर निर्मित देवी-देवताओं के चित्र पाने कहलाते हैं। श्रीनाथ जी के पाने सर्वाधिक कलात्मक होते हैं। 11 / 30 राजस्थानी बोली में 'आलागीला', 'आराइश' और 'मोराकासी' कहा जाता है- Asst. Pro. (History)-2024 म्यूरल पेंटिंग के लिये फ्रेस्को सेक्को पद्धति के लिये फ्रेस्को ब्यूनो पद्धति के लिये दोनों फ्रेस्को ब्यूनो और फ्रेस्को सेक्को पद्धति के लिये फ्रेस्को ब्यूनो - राजस्थान में भित्ति चित्रों को चिरकाल तक स्थायी रखने के लिए ताजा प्लास्तर की हुई नम भित्ति पर चित्रण करना 'फ्रेस्को ब्यूनो' कहलाता है। • यह पद्धति आराइश, आलागीला या मोराकासी कहलाती है। • शेखावाटी में इसे 'पण्णा' कहा जाता है। • फ्रेस्को सेक्को पद्धति - प्लास्तर की हुई भित्ति को सूखने के बाद चित्रण करना। नोट:- आर.पी.एस.सी. ने अपनी प्रारम्भिक उत्तर कुंजी में इसका उत्तर (2) माना है जबकि पुस्तकों के आधार पर (3) होना चाहिए। 12 / 30 निम्नलिखित में से कौनसी चित्रकला शैली "दर्शन चौबीस्या" से संबंधित है? Research Asst.-2025 नाथद्वारा सिरोही उणियारा सामोद 13 / 30 लघु चित्रकारी (Miniature painting) की कला को भारत भूमि पर सर्वप्रथम ............ द्वारा पेश किया गया था? पुलिस परीक्षा-2022 तुगलकों मुगलों राजपूतों अरबों लघु चित्रकारी (मिनिएचर पेंटिंग्स) की कला को भारत में सर्वप्रथम मुगलों द्वारा पेश किया गया जो जोधपुर, जयपुर, किशनगढ़ क्षेत्रों में विशेष प्रचलित रहा। 14 / 30 राजस्थानी चित्रकला का सबसे पहला वैज्ञानिक वर्गीकरण किसने प्रस्तुत किया? पशुपरिचर-2024 JEN (कृषि)-2025 V.D.O.-2021 आनंद कुमार स्वामी डॉ. फैयाज अली डब्ल्यू. जी. आर्चर एरिक डिकिसन राजस्थानी चित्रकला का सबसे पहला वैज्ञानिक वर्गीकरण आनंद कुमार स्वामी ने अपनी पुस्तक में 1916 ई. में राजपूत पेंटिंग्स में किया। डब्लयू. एच. ब्राउन ने अपनी पुस्तक 'इंडियन पेंटिंग्स' में राज्य की चित्रकला को 'राजपूत कला' कहा, जबकि आनंद कुमार स्वामी, ओ.सी. गांगुली व हेवल ने इसे 'राजपूत चित्रकला' कहा। विलियम्स लॉरेंस ने राजस्थान चित्रशैली को विशुद्ध रूप से भारतीय कहा। • रायकृष्णदास ने 'राजस्थानी चित्रकला' नाम दिया। • एन.सी. मेहता ने राजस्थानी चित्रकला को हिन्दू शैली कहा, जदुनाथ सरकार ने इसे प्रान्तीय मुगल कला कहा। 15 / 30 मेवाड़ चित्रशैली के प्रमुख चित्र 'रागमाला चित्र' किस अजायबघर में सुरक्षित है? पटवार-2011 दिल्ली के अजायबघर सरस्वती संग्रहालय सिटी पैलेस (उदयपुर) इनमें से कोई नहीं 16 / 30 राजस्थान चित्रकला शैली का स्वर्णयुग काल कौनसी सदी माना जाता है? REET (L-2) SST-2021 15वीं सदी 16वीं सदी 17वीं सदी 18वीं सदी 17 / 30 निम्न में से कौनसी राजस्थानी चित्रकला की मुख्य विशेषताओं में शामिल नहीं है? 4ᵗʰ Gr. Ex.-2025 राजस्थानी चित्रकला का महलों, किलों, मंदिरों और हवेलियों में सार्वजनिक प्रदर्शन नहीं होता है। ऋतुओं और उनके मानव जीवन पर प्रभाव का शृंगारिक चित्रण प्राकृतिक सौंदर्य और नारी सौंदर्य का सजीव चित्रण चित्रों में 'भक्ति' और 'शृंगार' दर्शाने में जीवंत रंगों का प्रयोग राजस्थानी चित्रकला को विशिष्ट पहचान देता है। 18 / 30 राजस्थानी चित्रकला में कौनसी विशेषता नहीं है- पटवार परीक्षा-2011 स्त्री सुंदरता विषय-वस्तु की विविधता चित्र पर चित्रकार का नाम अंकित होना आदर्श हिन्दू जीवन परम्परा एवं वीरता का समावेश राजस्थानी चित्रकला की प्रमुख विशेषताएँ- • ऐतिहासिक घटनाओं व दरबारी जीवन के चित्रों को अधिक चित्रित किया गया है। • प्रेम इस चित्रकला का प्रधान विषय है। • रेखाओं का बहुत कम प्रयोग है। • आन्तरिक अभिव्यक्ति प्रधान शैली है। • प्रकृति का सुरम्य एवं अलंकारिक चित्रण हुआ है। • मोर पक्षी का चित्रण सर्वाधिक हुआ है। • आकृतियों का विन्यास राजस्थानी चित्रकला की महत्वपूर्ण विशेषता है। नोट - राजस्थानी चित्रकला के चित्रों में चित्रकार अपना नाम अंकित नहीं करते। • राजस्थानी चित्रकला का उद्भव अपभ्रंश शैली में हुआ, लेकिन विशुद्ध राजस्थानी चित्रकला शैली का विकास 16वीं सदी के लगभग हुआ। • राजस्थानी चित्रकला का स्वर्णकाल 17 वीं शताब्दी को माना जाता है। (कार्ले खण्डालाला के अनुसार) 19 / 30 'भागवत पुराण का पारिजात अवतरण' किस मेवाड़ चित्रकार की कृति है? IIⁿᵈ Gr. Tea. (Gr.-D)-2025 पर्यवेक्षक (महिला अधिकारिता)-2024 नाना राम उदय सिंह बाना राम राग सिंह 20 / 30 मेवाड़ में रामयण, रागमाला, रसिक प्रिया, गीत गोविन्द जैसे विषयों पर लघुचित्र शैली किस शासक के काल में चरम सीमा पर पहुँची? RAS Pre.-2000 Asst. Prof. (His.)-2024 महाराणा प्रताप [1575-1597] महाराणा अमरसिंह प्रथम [1597-1620] महाराणा कर्णसिंह [1620-1628] महाराणा जगतसिंह [1628-1652] 21 / 30 किसके कथनानुसार “राजस्थानी चित्रशैली स्त्रियों की सुंदरता की खान है।”? पुस्तकालयपाल-2024 डॉ. वासुदेव शरण अग्रवाल रमेश वर्मा नन्दलाल टैगोर श्री कुमार स्वामी 22 / 30 राजस्थान में भित्ति चित्रों को चिरकाल तक जीवित रखने के लिए एक आलेख पद्धति है, जिसे कहते हैं? वनरक्षक परीक्षा-2013 II Gr. Tea. (Urdu)-2011 फड़ सांझी चित्रण मांडना आराइशा 23 / 30 मेवाड़ शैली में 1648 ई. में 'भागवत' का चित्रण किसके द्वारा किया गया? संरक्षण अधिकारी-2025 मुस्तफा हसन अली रजा साहबादी 24 / 30 कागज पर निर्मित चित्र कहलाते हैं? RAS Pre.-2005 मांडणा पाना सांझी फड़ 25 / 30 राजस्थानी चित्रकला की प्रारम्भिक एवं स्वदेशी शैली किस चित्रकला शैली से संबंधित है? JEN (कृषि)-2025 छात्रावास अधीक्षक (अल्पसंख्यक विभाग)-2024 ढूंढाड़ चित्रकला शैली मारवाड़ चित्रकला शैली हाड़ौती चित्रकला शैली मेवाड़ चित्रकला शैली 26 / 30 'पोथीखाना' संग्रहालय स्थित है? कृषि पर्यवेक्षक परीक्षा-2021 कोटा में जोधपुर में जैसलमेर में जयपुर में राजस्थान में चित्रकला के विकास हेतु कार्यरत संस्थाएं • अंकन- भीलवाड़ा • टखमण-28- उदयपुर • कलावृत- जयपुर • क्रिएटिव आर्टिस्ट ग्रुप- जयपुर • धोरां- जोधपुर • राजस्थान ललित-कला अकादमी- जयपुर • तूलिका कलाकार परिषद- उदयपुर • प्रोग्रेसिव आर्टिस्ट ग्रुप- उदयपुर • आज- उदयपुर • पश्चिमी क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र- उदयपुर चित्रकला से संबंधित संग्रहालय • पोथी खाना- जयपुर • चित्रशाला- बूंदी • सरस्वती भण्डार- उदयपुर • कोटा संग्रहालय- कोटा • जिन भद्र सूरि भण्डार- जैसलमेर • पुस्तक भण्डार- जोधपुर • अलवर संग्रहालय- अलवर 27 / 30 मेवाड़ के अमरसिंह प्रथम के कार्यकाल में रागमाला चित्रित करने वाले चित्रकार का नाम बताइए। स्कूल व्याख्याता (ग्रुप B)-2025 मनोहर सारंगधर निसारदीन साहेबबदीन निसारदीन ने 1605 ई. में अमरसिंह प्रथम के समय चावंड में रागमाला का चित्रण किया। • चावंड शैली का अन्य प्रमुख चित्र - ढोला-मारू (1592 ई. महाराणा प्रताप के समय को जो दिल्ली के राष्ट्रीय संग्रहालय में रखा है। 28 / 30 मेवाड़ शैली के चित्रित ग्रंथों एवं चित्रों का सही कालक्रम है-1. मनोहर द्वारा चित्रित रामायण2. साहिबदीन द्वारा चित्रित मेवाड़ भागवत3. साहिबदीन द्वारा चित्रित आर्ष रामायण4. निसारदीन द्वारा चित्रित रागमाला के चित्र सही कूट का चयन किजिए - Curator-2024 4,2,1,3 1,2,3,4 2,3,4,1 4,3,2,1 29 / 30 चित्रकार साहबदी राजस्थान की किस चित्रकला शैली से संबंधित थे? IIⁿᵈ Gr. G.K.-2025 मारवाड़ बूँदी जयपुर मेवाड़ 30 / 30 राजस्थान की निम्नलिखित में से किस चित्रकला शैली में ब्रश का उपयोग नहीं किया जाता है, केवल हाथ और कपड़े का उपयोग होता है? पुलिस परीक्षा-2022 मिनिएचर पेंटिंग किशनगढ़ पेंटिंग फड़ पेंटिंग कजली पेंटिंग कजली पेंटिंग- काजल से बनाये जाने के कारण इस चित्रकला को कजली चित्रकला कहा जाता है। इस शैली में ब्रश का प्रयोग नहीं किया जाता है। बल्कि हाथ और कपड़े का प्रयोग किया जाता है। अगर लीडरबोर्ड (रिजल्ट) में आपका नाम चाहते हैं, तो निम्न जानकारी फिल कर सकते हैं। आपका केवल नाम सार्वजनिक होगा, ई-मेल और मोबाइल नंबर गोपनीय रहेगा। आप हर बार एक ही नाम और ईमेल का प्रयोग करें, ताकि हर बार अंक आपके स्कोरबोर्ड में ही काउंट हो। Your score isThe average score is 0% 0%