राजस्थान के लोकगीत एवं गायक: Full Test September 30, 2026 लोकगीत एवं गायक: Full Test 1 / 76 म्हे तो थारा डेरा निरखण आई ओ, म्हारी जोड़ी रा जला।नामक लोकगीत निम्न में से किस अवसर पर गाया जाता है? AEN (खान विभाग) 2025 जन्म विवाह गणगौर तीज 2 / 76 'लोवड़ी' क्या है? कनिष्ठ अनुदेशक 2025 लोक-नृत्य लोक-गीत वाद्य यंत्र एक परिधान मेवाड़ में दीपावली के 15 दिन पहले छोटे-छोटे बच्चों की टोलियाँ घर-घर गीत गाते हुए निकलती हैं, इसमें लड़कों द्वारा गाये जाने वाले गीतों को लोवड़ी या हरणी कहते हैं तथा लड़कियों द्वारा गाये जाने वाले गीतों को घड़ल्यो कहते हैं। 3 / 76 ढोलामारू लोकगीत है? पटवार 2011 सिरोही का जोधपुर का जैसलमेर का झालावाड़ का ढोलामारू सिरोही का लोकगीत है, ढाढी जाति के लोग इसे गाते हैं। इसमें ढोला-मारू की प्रेमकथा का विवरण है। 4 / 76 'पाबूजी रा पावड़ा' किस जाति के लोग प्रमुख रूप से गाते हैं? Asst. Director (Sc.Dep.) 2025 मेर जाट गुर्जर थोरी 5 / 76 रसिया, फाग, बींजण, सियालो और पपैया राजस्थान की किस लोक कला के प्रकार हैं? A.En. 2025 रंगीन वस्त्रों एवं छापे लोक संगीत लोक चित्रकला भक्ति काव्य 6 / 76 निम्नलिखित में से कौनसी गायकी लोकगायकी की श्रेणी में सम्मिलित नहीं है? RSMSSB LDC (C) 2018 ध्रुपद आल्हा ढोला बारहमास बारहमासा एक लोकप्रिय काव्य शैली है, जिसमें बारह महीनों के प्राकृतिक वर्णन के साथ-साथ नायक-नायिका के विरह और मिलन की कहानी भी कही जाती है। 7 / 76 'ओल्यु' राजस्थानी लोक जीवन के किस अवसर से सम्बन्धित है? JEN विद्युत-डिग्री 2022 पुत्र जन्मोत्सव गीत पुत्री विवाह का विदाई गीत होली पर किया जाने वाला लोक नृत्य बारात की आगवानी का गीत आल्यूं- किसी की याद में गाये जाने वाला विरह गीत है। 1. बेटी की विदाई के समय 2. शेखावाटी क्षेत्र में गींदड़ नृत्य के समय गाया जाता है। 8 / 76 ध्रुपद गायकी का आरंभ किसके शासनकाल में हुआ? पटवार 2011 राजा मानसिंह तोमर मिर्जा राजा जयसिंह राजा भगवंत दास उक्त कोई नहीं 9 / 76 चर्चरी रचना निम्न में से किससे संबंधित है? PTI & Librarian (कॉलेज संस्कृत शिक्षा) 2025 कथानक के रूप में विवाह गीत उत्सव में ताल व नृत्य के साथ गाई जाने वाली रचना मुक्तक काव्य 10 / 76 पटेल्या, बीछियो, लालर व माछर क्या है? JEN (मैकेनिकल विभाग) 2025 वनरक्षक 2022 REET सामाजिक विज्ञान 2022 मेवाड़ के प्रसिद्ध गीत मारवाड़ के प्रसिद्ध गीत मेवात के प्रसिद्ध गीत हाड़ौती के प्रसिद्ध गीत 11 / 76 इनमें से कौन मांड गायन में सिद्धहस्त नहीं है? CET (स्नातक स्तर) 2023 अल्लाह जिलाई बाई गवरी बाई गुलाबो बन्नो बेगम माँड गायकी के प्रसिद्ध कलाकार- • अल्लाह जिलाई बाई (बीकानेर) - मरू कोकिला • गवरी बाई (बीकानेर) - माण्ड मल्लिका। • गवरी बाई (पाली) • जामिला बानो (जोधपुर) • बन्नो बेगम (जयपुर) • मांगी बाई आर्य (उदयपुर) • बतूल बेगम - 2022 में नारी शक्ति पुरस्कार नोट - गुलाबो का संबंध कालबेलिया नृत्य से है। 12 / 76 श्रावण माह के दौरान राजस्थानी महिलाओं द्वारा गाये जाने वाले लोकप्रिय लोकगीत का नाम है? पुलिस 2018 लोटिया कजरी रसिया गीत तीज 13 / 76 अल्लाह जिलाई बाई की लोकप्रियता का कारण क्या है? CET (स्नातक) 2024 CET (10+2) 2024 छात्रावास अधीक्षक (अल्पसंख्यक विभाग) 2024 EO/RO 2023 JEN यांत्रिकी डिग्री 2022 मांड गायन लोक नृत्य कुर्जा गायन रावण हत्या माँड गायकी- राजस्थान लोक गायन की शैली • 10-11 वीं सदी में जैसलमेर क्षेत्र 'माँड क्षेत्र' के नाम से जाना जाता था, इसलि इस क्षेत्र में गायी जाने वाली राग 'माँड' राग कहलाई। • इस शैली में श्रृंगार के साथ ओज के भाव प्रकट होते हैं। • राज्य की जैसलमेरी माँड, बीकानेरी माँड, जोधपुरी माँड व जयपुर माँड प्रसिद्ध है। • राजस्थान का राज्य गीत "केसरिया बालम आओ नी पधारो म्हारे देश" इस शैली में गाया गया है। जिसे अल्लाह जिलाई बाई ने अमरत्व प्रदान किया। नोट- इस गीत का पहली बार माँगी बाई (उदयपुर) ने गाया था। 14 / 76 'हर री हिंडोळी' कद गायो जावै? अध्यापक (हिन्दी) 2023 किणी रै विदाई माथै किणी री मिरतू माथै तींवार माथै किणी रै जलम माथै 15 / 76 लोक संगीत की वह जनजाति जो मुख्यतः नागौर और जोधपुर जिलों में पाई जाती है? बी.एड्. परीक्षा 2011 मिरासी ढोली सरगड़ा राणा राजस्थान में लोक संगीत की जातियाँ- • मिरासी - मुस्लिम गायन जाति, जो सारंगी वादन में निपुण होते हैं। इनका विस्तार मारवाड़-जयपुर-अलवर-नागौर क्षेत्र में देखने को मिलता है। • ढोली - यह जाति ढोल बजाने के कारण ढोली कहलाई, इन्हें दमामी और जावड़ भी कहा जाता है। • सरगड़ा - यह ढोलियो की तरह होती है। ये कच्छी घोड़ी नृत्य में पारंगत होते हैं। • राणा - युद्ध में नगाड़ा बजाने वाले कालान्तर में राणा कहलाये, ये लोग शहनाई तथा नगाड़ा बजाने में कुशल होते हैं। ये जयपुर तथा शेखावाटी क्षेत्र में अधिकांशतः बसे हुए हैं। 16 / 76 लोकशा कैवणियै नै कांई कैयो जावै? अध्यापक (पंजाबी) 2023 बातपोस बातेरी कोथ भोपी 17 / 76 इंडोणी लोक गीत गाया जाता है? वन रक्षक 2022 पति की मृत्यु पर पत्नी द्वारा विवाह समारोह के दौरान महिलाओं द्वारा कुंए से पानी लेने जाते समय बेटे के जन्म के समय महिलाओं द्वारा इंडोणी- यह लोकगीत मारवाड़ में अधिक प्रचलित है। इसे स्त्रियाँ पानी भरने जाते समय सामूहिक रूप से गाती हैं। 18 / 76 भाँड, ढोली और मंगनियार राजस्थान के ................. हैं? पुलिस परीक्षा 2022 पारंपरिक लोक संगीतकार लोक कला धार्मिक समूह खिलाड़ी 19 / 76 अधोलिखित को सुमेलित कीजिए- (संगीत घराना) (कलाकार) A.डागर घराना I.बहराम खाँ B.जयपुर घराना II.मनरंग C.मेवाती घराना III.मोतीराम ज्योतिराम D.अतरौली घराना IV.दुल्लु खाँ यहाँ सभी विकल्प सुमेलित कर लिखे गये हैं। Assistant Research Officer 2020 A-I, B-II, C-III, D-IV A-II, B-I, C-IV, D-III A-III, B-IV, C-I, D-II A-IV, B-III, C-II, D-I 20 / 76 वागड़ प्रदेश में प्रचलित लोक कथा 'गलालेंग' के नायक कौन है? Research Asst. 2025 गुलाल सिंह ढोला जय सिंह डूंगजी 21 / 76 पंडित जसराज ........... गायकी से संबंधित हैं? स्टेनोग्राफर परीक्षा 2021 मौद मेवाती ख्याल इनमें से कोई नहीं 22 / 76 राजस्थान री भक्त कवयित्री गवरीबाईं से जलम कठै वीयौ? अध्यापक भर्ती (SST) 2023 डूंगरपुर भरतपुर जयपुर अलवर 23 / 76 होलार राजस्थानी लोक गीत है जो --------- के अवसर पर गाये जाते हैं? पुलिस 2018 शिशु के जन्म होने पर किसी को विवाह के लिए प्रस्ताव देने गणगौर उत्सव पर विवाह समापन पुत्र के जन्मोत्सव पर स्त्रियों द्वारा होलार (जच्चा) गीत गाये जाते हैं। 24 / 76 घूघरी, केवड़ा आदि लोकगीत किस क्षेत्र से सम्बन्धित हैं? पुस्तकालयाध्यक्ष परीक्षा 2020 मरुस्थलीय क्षेत्र पर्वतीय क्षेत्र मैदानी क्षेत्र मेवात क्षेत्र मरुस्थली गीत [जैसलमेर, बाड़मेर व बीकानेर क्षेत्र में]- कुरजां, पीपली, रतन राणों, केवड़ा, घूघरी • पर्वतीय गीत- (क्षेत्र- उदयपुर, डूंगरपुर, बाँसवाड़ा, प्रतापगढ़ तथा सिरोही)-पटेल्या, बीछियो, लालर • मैदानी क्षेत्र के गीत (क्षेत्र- जयपुर, कोटा, अलवर, भरतपुर, धौलपुर)- भक्ति व शृंगार रस की प्रधानता 25 / 76 फड़ कुण बांचै? अध्यापक (संस्कृत) 2023 कालबेलिया लंगा मांगणियार भोपा 26 / 76 लोक गीत 'ओल्य' गाया जाता है? पशु चिकित्सा अधिकारी 2020 प्रिय की याद में शोक की घडी में उत्सव के अवसर पर वीरता के महिमामण्डन में 27 / 76 उस कवियत्री का नाम जो कृष्ण को समर्पित थी और जिसे 'वागड़ की मीरा' कहा जाता है? पटवार 2025 CET (स्नातक) 2024 वनरक्षक 2022 4th Gr. 2025 गवरी बाई पन्ना रानाबाई कर्मावती 28 / 76 निम्नलिखित कथन किसका है- 'लोकगीत लोगों की भाषा है, वे हमारी संस्कृति के संरक्षक हैं'- पशुपरिचर 2024 रवीन्द्र नाथ टैगोर महात्मा गाँधी सरदार पटेल जवाहर लाल नेहरू 29 / 76 मेवाड़ में दीपावली के 15 दिन पहले अकसर लड़के-लड़कियाँ घर-घर जाकर गीत गाते हैं। लड़कियों द्वारा गाए जाने वाले गीतों को '---------' कहा जाता है? टाउन प्लानर 2023 घडाल्यो लोवड़ी हरनी रात्रि जागरण 30 / 76 कुरजां गीत राजस्थान में बहुत प्रसिद्ध है, कुरजां शब्द किसके लिए प्रसिद्ध हुआ है? पुलिस परीक्षा 2004 यह एक प्रकार की झील है यह एक प्रकार की बावड़ी है यह एक प्रकार का लोक वाद्ययंत्र है यह एक प्रकार का पक्षी है कुरजां गीत - यह एक विरह गीत है जिसमें प्रेमिका अपने प्रियतम के लिए कुरजां पक्षी को माध्यम बनाकर गाती है। पति को पत्नी कुरजां द्वारा संदेश भेजती है। 31 / 76 निम्नलिखित लोकगीतों में से कौनसे विवाह के अवसर पर गाए जाते हैं?(A) जला(B) परणेत(C) गोरबंद(D) सीठणेनीचे दिए गए कूट से सही उत्तर का चयन कीजिए- IInd Gr. G.K. 2025 A, B, D A, B, C, D A, B, C B, D 32 / 76 राजस्थान में पुरुषों के समूह, होरी, रसिया और धमाल जैसे गीत किस पर्व के अवसर पर गाए जाते हैं? 4th Gr. 2025 दिवाली दशहरा तीज होली 33 / 76 टाबर री मीत माथै गाइजण वाळा लोकगीत कही जै? अध्यापक भर्ती (गणित एवं विज्ञान) 2023 रातीजोगा हीड़ा ओळू छेड़ा 34 / 76 ढोला-मारू कहानी में ढोला की विवाह के समय उम्र थी? IIGr. Tea. 2018 3 वर्ष 11 वर्ष 14 वर्ष 16 वर्ष 35 / 76 हाड़ौती अंचल रा चावा गीतकार है? अध्यापक (उर्दू) 2023 रेवंतदान चारण चन्द्रसिंह हाड़ा रघुराजसिंह हाड़ा गणेशलाल व्यास 36 / 76 राजस्थान का राज्य गीत है? B.Ed 2004 केसरिया बालम ढोला-मारू झूमर गीत कांगसियो मांड गायकी- मांड क्षेत्र (जैसलमेर) में गायी जाने वाली राग 'मांड राग' कहलाती है। यह शास्त्रीय गायन की लोक शैली है। • मांड गायिकी के प्रमुख क्षेत्र बीकानेर, जैसलमेर व जोधपुर हैं। • राजस्थान का राज्य गीत केसरिया बालम मांड गायिकी में गाया जाता है। 37 / 76 कौनसा सही सुमेलित नहीं है? ARO- G.K 2022 घोड़ी गीत - वर निकासी के समय घुड़-चढ़ी रस्म के समय जच्चा गीत - परिवार में बालक के जन्म के समय जला गीत - बालक के जन्म के पश्चात् कुंआ पूजन के समय रसिया गीत- होलीकोत्सव पर वधू पक्ष की महिला जब बारात का डेरा देखने जाती है, तब जला गीत गाया जाता है। 38 / 76 गाज़ी खान बरना को लोक संगीत के लिए संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार, 2018 से सम्मानित किया गया। वे निम्नलिखित में से किससे सम्बन्धित हैं? IIGr. Tea. (संस्कृत शिक्षा) 2023 खड़ताल पुंगी रावनहत्था अलगोजा 39 / 76 एक रजवाड़ी गीत जिसमें विरहणी नारी अपने प्रियतम को घर आने का संदेश देती है? B.S.T.C. 2013 कुरजां पीपली हिचकी पपैया पीपली - यह एक विरह गीत है जो वर्षा ऋतु में विशेषकर तीज के अवसर पर गाया जाता है। मारवाड़ तथा शेखावाटी क्षेत्र में लोकप्रिय है। • पपैया - इस लोकगीत के माध्यम से प्रेयसी, प्रियतम को उपवन में आकर मिलने की प्रार्थना करती है। • हिचकी - अलवर-मेवात क्षेत्र में महिलाओं द्वारा गाये जाने वाला गीत, ऐसी मान्यता है कि किसी के याद किये जाने पर हिचकी आती है। • कुरजां - वर्णन पूर्ण में किया गया है। 40 / 76 निम्नलिखित को सुमेलित कीजिए- सूची-I सूची-II (A)पटेल्या (i)कैलादेवी (B)क्रीड़ा गीत (खेल गीत) (ii)पधारो म्हारे देस (C)लांगुरिया (iii)लोकगीत (मेवाड़) (D)अल्लाह जिल्लई बाई (iv)बच्चे कूट:- सर्वेयर 2025 A-iv, B-ii, C-iii, D-i A-i, B-iv, C-iii, D-ii A-i, B-ii, C-iii, D-iv A-iii, B-iv, C-i, D-ii 41 / 76 निम्नलिखित में से कौन संगीत के जयपुर घराने से संबंधित है- कृषि पर्यवेक्षक 2024 भीमसेन जोशी जसराज गिरजा देवी मल्लिकार्जुन मंसूर राजस्थान के संगीत के घराने- 1. जयपुर घराना - प्रवर्तक- मनरंग खां (भूपत खां) कलाकार - मोहम्मद अली कोठी, माँगू बाई, केसर बाई, मंजी खाँ, भुर्जी खाँ, केसर बाई। 2. डागर घराना - प्रवर्तक - बहराम खां (सवाई रामसिंह के दरबारी गायक) कलाकार - जियाउद्दीन खाँ डागर, मुइनुद्दीन - अमीनूद्दीन (डागर बंधु), अल्लाबन्दे खां। 3. बीनकार घराना - प्रवर्तक - रज्जब अली बीनकार (सवाई रामसिंह के दरबारी गायक) कलाकार - रज्जब अली खाँ, सादिक अली खाँ, सावल खाँ, मुशर्रफ खाँ 4. सेनिया घराना (सितारियों घराना) - प्रवर्तक - सूरत सेन (तानसेन का पुत्र) यह अलवर व जयपुर में विकसित हुआ, इस घराने के वादक गोहर वाणी तथा खण्डार वाणी में सिद्धहस्त थे। कलाकार- अमृत सेन, नियामत सेन, कायम सेन, रहीम सेन। 5. मेवाती घराना - ख्याल गायकों में मेवाती घराने के प्रवर्तक उस्ताद घग्गे नजीर खाँ को माना जाता है जो जोधपुर महाराज जसवंत सिंह के दरबारी गायक थे। नजीर खां ने जयपुर की ख्याल गायकी को ही विकसित कर यह घराना प्रारम्भ किया। कलाकार - प. जसराज, पं. मणिराम 6. रंगीला घराना - प्रवर्तक - रमजान खां रंगीले 7. अतरौली घराना (जयपुर घराने की उपशाखा)- प्रवर्तक-साहब खाँ कलाकार - मानतौल खाँ, अल्लादिया खां, किशोरी अमोणकर 42 / 76 लोक-गायकों एवं संगीतकारों को प्रोत्साहित करने के लिए वर्ष 2025-26 के बजट में गवरी देवी कला केन्द्र की स्थापना निम्न में से किस स्थान पर प्रस्तावित की गई है? A.En. 2025 उदयपुर बीकानेर जैसलमेर जोधपुर 43 / 76 'लाँगुरिया' लोकगीत है? II Gr.संस्कृत/गणित 2010 भक्ति गीत विवाह गीत होली गीत प्रेम गीत लांगुरिया- करौली क्षेत्र में 'कैलादेवी' की आराधना में गाये जाने वाला गीत। [पटवार 2025(S-2)] 44 / 76 मरुभूमि के लोकगीत किस भावना के परिचायक है? पटवार 2011 उमंग वियोग हृदय की पीड़ा सभी 45 / 76 बारात को भोजन कराते समय गालियों के रूप में गाए जाने वाले गीत- पुलिस 2003 सीठणे कामण पावणा पंछीड़ा सीठणे- भोजन कराते समय बरातियों को मीठी-मीठी गालियाँ देते हुए जो गीत गाये जाते हैं, वे सीठडे कहलाते हैं। • कामण- वर को जादू-टोनों से बचाने के लिए कामण गीत गाये जाते हैं। • पंछीड़ा- हाड़ौती व ढूँढाड़ क्षेत्र में मेलों के अवसर पर ढोलक मंजीरे के साथ गाये जाने वाला लोकगीत। 46 / 76 'छेड़े' किस अवसर पर गाये जाते हैं? वरिष्ठ अध्यापक (विशेष शिक्षा) 2019 शिशु-मृत्यु जागरण वधु आगमन फसल कटाई छेड़े - शिशु की मृत्यु पर गाया जाता है। • हर के हिंडोले - वृद्ध व्यक्ति की मृत्यु पर गाया जाता है। 47 / 76 किस लोक नाट्य शैली में कलाकार को बहरूपिया कहा जाता है? पशुपरिचर 2024 तमाशा स्वांग गवरी रामावत 48 / 76 'लोकगीत किसी संस्कृति के मुँह बोले चित्र है।' यह किसका कथन है? पटवार 2011 देवेन्द्र सत्यार्थी सत्येन्द्र त्रिपाठी महात्मा गाँधी डॉ. जेतनारायण शास्त्री 49 / 76 राजस्थान का निम्नलिखित में से कौन सा (प्रसिद्ध संगीतकार - विशेषज्ञता) सही सुमेलित नहीं है? Librarian Grade III 2022 विश्वमोहन भट्ट - मोहन वीणा चतुर लाल - तबला सुल्तान खां - कामायचा जिया फरीदुद्दीन डागर - ध्रुपद 50 / 76 'पावणा' नामक गीत गाया जाता है? पटवार 2011 कारापाल 2012 नये दामाद के आने पर बेटे के जन्म पर चैत्र मास में खेतों में कार्य करते समय शादी की प्रतीक्षा करते हुए नये दामाद के ससुराल आने पर स्त्रियों द्वारा 'पावणा' गीत गाये जाते हैं। ये भोजन करने से पहले या बाद में गाये जाते हैं। 51 / 76 बतुल बेगम का सम्बन्ध राजस्थान की किस गायन परम्परा से है? बेसिक कम्प्यूटर अनुदेशक 2022 गंधर्व गान कव्वाली गायन मांड गान फड़ गायन 52 / 76 जला गीत स्त्रियों द्वारा कब गाया जाता है? वनरक्षक 2022 खाद्य सुरक्षा अधिकारी 2019 कुँआ पूजन के समय वर को बरात का डेरा देखने जाने पर जल झूलनी एकादशी के अवसर पर तीज पूजन के अवसर पर 53 / 76 निम्न में से कौनसा एक लोक गीत राजस्थान के पर्वतीय क्षेत्र का नहीं है? कॉलेज व्याख्याता (सारंगी) 2019 पटेल्या कुर्जा बिछीयों लालर 54 / 76 राजस्थान के उत्तरी मेवाड़ क्षेत्र में स्त्री और पुरुषों द्वारा एकसाथ गाया जाने वाला विख्यात लोकगीत 'हमसीढ़ो' किस समुदाय से संबंधित है? कनिष्ठ अनुदेशक 2025 4th Gr. 2025 भील सहरिया गाडिया लोहार कालबेलिया 55 / 76 निम्न में से गलत युग्म को पहचानिए- संविदा नर्स 2024 राजस्थान का गाँधी - गोकुल भाई भट्ट राजस्थान का लोकनायक - जयनारायण व्यास राजस्थान का लौहपुरुष - दामोदर दास व्यास राजस्थान की मरूकोकिला - बन्नो बेगम 56 / 76 राजपूताना के रियासती आंदोलन के दौरान प्रसिद्ध लोक गायक/गायिका कौन था/थी? पशुपरिचर 2024 गणेशी लाल व्यास गणा बाई चंदबरदाई पी.के. मिश्रा 57 / 76 मेवाड़ के भीलों का प्रसिद्ध लोकगीत जिसे स्त्री-पुरुष साथ मिलकर गाते हैं? पशुपरिचर 2024 JEN 2025 4th Gr. 2025 झोरावा सुपणा सूंवलिया हमसीढो हमसीढ़ों मेवाड़ के भीलों का प्रसिद्ध लोकगीत है। इसे स्त्री व पुरुष साथ मिलकर गाते हैं। 58 / 76 'सारंग' संगीत किस समय गाया जाता है? II Gr. SST 2010 दोपहर काल में प्रातःकाल सायःकाल इनमें से कोई नहीं 59 / 76 कौनसा प्रसिद्ध राजस्थानी गीत एक युवती के सौन्दर्य का वर्णन करता है? RSMSSB LDC (C) 2018 पटवार 2011 मूमल कुरजां सपना गोरबंद शृंगारिक गीत में मूमल के नख शिख का वर्णन किया जाता है। यह जैसलमेर में गाये जाने वाला शृंगारिक लोकगीत है। 60 / 76 'म्हारी बरसाले री मूमल, हालैनी ऐ आलीजे रे देस' नामक लोकगीत किस क्षेत्र से संबंधित है? पटवार 2011 जैसलमेर जोधपुर बीकानेर सिरोही 61 / 76 'सूवटिया लोकगीत' का सम्बन्ध किससे है? पुलिस परीक्षा 2014, 2013 गरासिया स्त्री से सती स्त्री से वीरांगना स्त्री से भील स्त्री से सूवटिया गीत एक विरह गीत है। मेवाड़ क्षेत्र की भील महिलाओं द्वारा अपने परदेश गये पति की याद में गाया जाता है। सूवटिया का अर्थ-तोता होता है। 62 / 76 राजस्थान में मच्छर, बिछियों और लालार से क्या तात्पर्य है? EO/RO 2023 लोक नृत्य लोक नाटक लोक गीत संगीत वाद्ययंत्र 63 / 76 किसे मरुभूमि की कोकिला कहा जाता है? पुलिस 2013 अल्लाह जिलाई बाई गवरी बाई बन्नो बेगम माँगीबाई 64 / 76 मारू थारे देश में उपजे तीन रतन, इक ढोला, दूजी मारवान, तीजो कसमूल रंगकसमूल का कौनसा रंग होता है? पर्यवेक्षक (महिला अधिकारिता) 2024 संतरी (नारंगी) लाल काला पीला 65 / 76 बिछियों, लालर, नोखिला और शिखर राजस्थान के ................... है- CET (10+2) 2024 स्टेनोग्राफर 2024 लोकगीत वाद्ययंत्र लोकनृत्य लोक नाटक 66 / 76 निम्न में से कौनसा संगीतकार शास्त्रीय संगीत के अतरौली घराने से संबंधित था? Research Asst. 2025 सूरत सेन खैराती खाँ विलास खाँ अमीर बक्श 67 / 76 उस सुप्रसिद्ध 'मांड गायक' का नाम बताए जिसने गीत 'केसरिया बालम नि पधारो म्हारे देश' को अमरत्व प्रदान किया- LDC 2024 गवरी देवी पीरू सिंह श्यामल दास अल्लाह जिलाई बाई 68 / 76 राजस्थान में 'गवरी देवी' किस गायन शैली के लिए जानी जाती है? हाईकोर्ट LDC 2022 RAS Pre 2018 कनिष्ठ अभियंता (यांत्रिक) 2020 मांड गायन मांगणियार लंगा तालबंदी 69 / 76 अमर राजस्थानी लोकप्रिय गीत 'धरती धोरां री' के लेखक कौन हैं? पटवार 2025 विजयदान देथा कन्हैया लाल सेठिया बीरबल सिंह कविराज श्यामल दास 70 / 76 'लांगुरिया' गीत किस मेले का आकर्षण है? वरिष्ठ कम्प्यूटर अनुदेशक 2022 जीण माता का मेला रामदेवजी का मेला शीतला माता का मेला कैलादेवी का मेला 71 / 76 निम्न में से कौनसी राजस्थानी लोक संगीत की विद्या विशेष रूप से पानी भरने से जुड़ी राजस्थानी महिलाओं की भावनाओं और अनुभवों पर केन्द्रित है? 4th Gr. 2025 पनिहारी/पणिहारी मांड ख्याल कव्वाली 72 / 76 राजस्थान में 'झरोवा' गीत है? JEN (civil) Degree 2022 कनिष्ठ अनुदेशक 2022 एक विरह गीत परिवार में गाया जाने वाला एक जन्मोत्सव गीत वधू विदाई गीत फसल रोपने के समय गाया जाने वाला गीत झरोवा- जैसलमेर जिले में पति के विदेश जाने पर यह गीत गाया जाता है। 73 / 76 राजस्थान का प्रथम ध्रुपद गायक कौन था- संगणक 2024 नम्रता भट्ट बीना शर्मा शालिनी कुमारी तैलंग मधु भट्ट तैलंग ध्रुपद गायन शैली - प्रवर्तक - ग्वालियर के शासक मानसिंह तोमर (1486-1516 ई.) • मानसिंह तोमर ने बैजू बावरा के साथ मिलकर ध्रुपद गायन शैली का विकास किया। कालान्तर में चार खण्डों में विभक्त हुई। 1. गोहर वाणी - उत्पत्ति स्थान - ग्वालियर, प्रवर्तक - तानसेन 2. डागुर वाणी - उत्पत्ति स्थान - जयपुर, प्रवर्तक - बृजनंद डागर 3. खण्डार वाणी - उत्पत्ति स्थान - उनियारा (टोंक), प्रवर्तक - सम्मोखन सिंह 4. नौहर वाणी - उत्पत्ति स्थान - जयपुर, प्रवर्तक - श्रीचंद नोहर नोट- मधुभट्ट तैलंग, राज्य की एकमात्र ध्रुपद गायिका हैं। 74 / 76 मांड गायन में असाधारण योगदान के लिए किसे पद्मश्री से सम्मानित किया गया? पटवार 2025 अल्लाह जिलाई बाई मीरा बाई राना बाई गवरी देवी 75 / 76 सुमेलित कीजिए एवं नीचे दिये गये कूट से सही उत्तर का चयन कीजिए- (संगीतज्ञ) (रचना) A.चाँद खाँ I.स्वर-सागर B.पुण्डरीक विट्ठल II.रागमञ्जरी C.देवर्षि भट्ट III.संगीतसार D.द्वारकानाथ IV.रागचन्द्रिका यहाँ सभी विकल्प सुमेलित कर लिखे गये हैं। कृषि अधिकारी (कृषि विभाग) 2021 A-I, B-II, C-III, D-IV A-II, B-III, C-IV, D-I A-IV, B-I, C-II, D-III A-III, B-IV, C-I, D-II 76 / 76 निम्नलिखित में से कौनसे क्षेत्र में रतवाई लोकगीत गाए जाते हैं- संगणक 2024 हाड़ौती मेवाड़ मेवाती रामदी रतवाई लोक गीत अलवर - भरतपुर (मेवात क्षेत्र) में गाया जाता है। अगर लीडरबोर्ड (रिजल्ट) में आपका नाम चाहते हैं, तो निम्न जानकारी फिल कर सकते हैं। आपका केवल नाम सार्वजनिक होगा, ई-मेल और मोबाइल नंबर गोपनीय रहेगा। आप हर बार एक ही नाम और ईमेल का प्रयोग करें, ताकि हर बार अंक आपके स्कोरबोर्ड में ही काउंट हो। Your score isThe average score is 0% 0%